छपरा: छपरा जिले के तरैया प्रखंड के पचभिंडा गांव में सड़क निर्माण की गुणवत्ता को लेकर ग्रामीणों की शिकायत आखिरकार रंग लाई। ग्रामीणों ने निर्माण कार्य में कथित अनियमितता का वीडियो बनाकर सारण जिलाधिकारी को भेजा, जिसके बाद प्रशासन हरकत में आया और मौके पर जांच कर कार्रवाई की गई।
वरीय अधिकारियों के निर्देश पर विभागीय टीम पचभिंडा पहुंची। जांच के दौरान सड़क निर्माण में प्रथम दृष्टया गड़बड़ी पाए जाने के बाद करीब 50 मीटर बनी सड़क को जेसीबी मशीन से तोड़ दिया गया। कार्रवाई जेई कुमारी मधु की मौजूदगी में की गई।
ग्रामीणों ने लगाया था मानकों की अनदेखी का आरोप
ग्रामीणों का आरोप था कि सड़क निर्माण में गुणवत्ता मानकों का पालन नहीं किया जा रहा था। निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल और नियमों की अनदेखी की शिकायत लगातार की जा रही थी। इसके बाद ग्रामीणों ने पूरे मामले का वीडियो बनाकर अधिकारियों तक पहुंचाया।
वीडियो सामने आने के बाद विभाग ने मामले को गंभीरता से लिया और जांच टीम को मौके पर भेजा। जांच में शिकायत सही पाए जाने के बाद बनी हुई सड़क को ही तोड़कर दोबारा निर्माण कराने की प्रक्रिया शुरू की गई।
संवेदक को गुणवत्ता सुधारने की चेतावनी
मौके पर मौजूद जेई कुमारी मधु ने संवेदक को स्पष्ट निर्देश दिया कि सड़क निर्माण में किसी भी तरह की लापरवाही या गुणवत्ता से समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने मानकों के अनुसार काम पूरा करने की हिदायत दी।
ग्रामीणों की निगरानी से बदला मामला
इस कार्रवाई के बाद इलाके में चर्चा है कि अगर ग्रामीणों की शिकायत और वीडियो सामने नहीं आता तो शायद सड़क की गुणवत्ता पर सवाल बने रहते। ग्रामीणों ने अब मांग की है कि सड़क निर्माण पूरा होने तक विभागीय अधिकारी लगातार निगरानी रखें, ताकि दोबारा किसी तरह की गड़बड़ी न हो। वहीं इस कार्रवाई को लेकर लोगों में चर्चा है— “वीडियो डीएम तक पहुंचा तो सड़क भी जेसीबी तक पहुंच गई।
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