पटना: बिहार में टैक्सी और ऑटो से सफर करने वाले लोगों के लिए जल्द ही एक नया डिजिटल विकल्प मिलने जा रहा है। राज्य में नवंबर महीने के अंत तक भारत टैक्सी सेवा शुरू करने की तैयारी है। पहले चरण में पटना, गया, वैशाली और मुजफ्फरपुर को इस सेवा से जोड़ने की योजना बनाई गई है। इसके शुरू होने के बाद यात्री मोबाइल एप के माध्यम से टैक्सी और ऑटो बुक कर सकेंगे। खास बात यह है कि इस प्लेटफॉर्म पर स्थानीय टैक्सी और कैब चालकों को भी सीधे जुड़ने का अवसर मिलेगा।
भारत टैक्सी सेवा को लेकर यात्रियों के लिए कस्टमर एप सक्रिय कर दिया गया है और उसकी टेस्टिंग भी पूरी होने की जानकारी दी गई है। अब वाहन एवं चालक पंजीकरण, परमिट नियमों के अनुपालन, तकनीकी व्यवस्था और प्रचार-प्रसार से जुड़ी तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। सरकार ने नवंबर के अंत तक सेवा शुरू करने का लक्ष्य रखा है।
पटना में हुई उच्चस्तरीय बैठक, तैयारियों की हुई समीक्षा
भारत टैक्सी सेवा के शुभारंभ को लेकर सोमवार को पटना स्थित विश्वेश्वरैया भवन में परिवहन सचिव राज कुमार की अध्यक्षता में महत्वपूर्ण बैठक हुई। इसमें सेवा के प्रस्तावित लॉन्च, वाहन और चालक पंजीकरण, परमिट से संबंधित नियमों, आईटी प्लेटफॉर्म और प्रचार-प्रसार की तैयारियों की समीक्षा की गई।
परिवहन सचिव ने संबंधित विभागों और संगठनों को आपसी समन्वय के साथ काम करने तथा तय समय-सीमा के भीतर बची हुई तैयारियां पूरी करने का निर्देश दिया।
परिवहन सचिव राज कुमार ने कहा कि भारत टैक्सी सेवा शुरू होने से यात्रियों और टैक्सी चालकों दोनों को परिवहन का नया विकल्प मिलेगा। इससे मौजूदा टैक्सी सेवा व्यवस्था में पारदर्शिता बढ़ेगी और तकनीक आधारित सुविधाओं को प्रोत्साहन मिलेगा। उन्होंने इस सेवा को सफल बनाने के लिए सभी संबंधित विभागों को मिलकर काम करने की जरूरत बताई।
पटना, गया, वैशाली और मुजफ्फरपुर में पहले चरण की शुरुआत
राज्य परिवहन आयुक्त आरिफ अहसन ने बताया कि पहले चरण में पटना, गया, वैशाली और मुजफ्फरपुर में भारत टैक्सी सेवा शुरू करने की योजना है। इसके लिए ऑटो और कैब एसोसिएशन का सहयोग लिया जाएगा। स्थानीय चालकों को अधिक से अधिक संख्या में इस डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
इस व्यवस्था के माध्यम से यात्रियों को टैक्सी और ऑटो बुकिंग का एक नया विकल्प मिलेगा। वहीं, स्थानीय वाहन चालकों को भी मोबाइल एप के जरिए अपनी सेवाएं उपलब्ध कराने का मौका मिलेगा।
बिहार के 2,005 चालक पहले ही जुड़ चुके
भारत टैक्सी के सीईओ कर्नल हिमांशु के मुताबिक, बिहार में अब तक करीब 2,005 टैक्सी चालक इस प्लेटफॉर्म से जुड़ चुके हैं। उन्होंने बताया कि भारत टैक्सी का संचालन सारथी-मालिक सहकारी मॉडल के तहत किया जाता है।
इस मॉडल में चालक केवल वाहन चलाकर सेवा देने वाले व्यक्ति तक सीमित नहीं रहते, बल्कि सहकारी समिति के सदस्य और हिस्सेदार भी बन सकते हैं। उन्हें समिति के प्रबंधन बोर्ड में प्रतिनिधित्व करने का अवसर भी मिल सकता है। इस व्यवस्था का उद्देश्य चालकों की भागीदारी बढ़ाना और उन्हें प्लेटफॉर्म के संचालन से जोड़ना है।
क्या है भारत टैक्सी सेवा और कैसे करेगी काम?
भारत टैक्सी एक मोबाइल एप आधारित टैक्सी बुकिंग सेवा है। इसके माध्यम से यात्री अपने मोबाइल फोन से टैक्सी और ऑटो बुक कर सकेंगे। एप पर वाहन की उपलब्धता और किराये से संबंधित जानकारी प्राप्त करने की सुविधा देने की योजना है।
इस प्लेटफॉर्म की एक प्रमुख विशेषता इसका सहकारी मॉडल है। इसमें चालकों को प्रति राइड कमीशन कटौती से राहत देने का प्रावधान बताया गया है। इससे स्थानीय टैक्सी और ऑटो चालकों को डिजिटल व्यवस्था से जुड़ने का अवसर मिलेगा।
यात्रियों की सुरक्षा को भी इस सेवा की तैयारियों में प्राथमिकता देने की बात कही गई है। महिला यात्रियों समेत सभी लोगों के लिए सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा उपलब्ध कराने पर जोर रहेगा।
बैठक में कई विभागों और संगठनों के प्रतिनिधि रहे मौजूद
बैठक में राज्य परिवहन आयुक्त आरिफ अहसन, पटना नगर आयुक्त यशपाल मीणा, डीआईजी ट्रैफिक सुशांत कुमार सरोज, पटना के जिला परिवहन पदाधिकारी उपेंद्र पाल सहित भारत टैक्सी के प्रतिनिधि शामिल हुए। इसके अलावा बिहार मोटर कैब ड्राइवर्स यूनियन और पटना कैब ड्राइवर्स यूनियन के प्रतिनिधियों ने भी बैठक में हिस्सा लिया।
अब नवंबर के अंत तक सेवा शुरू करने की तैयारी है। यदि तय कार्यक्रम के अनुसार इसका संचालन शुरू होता है, तो बिहार के चार जिलों के यात्रियों को टैक्सी और ऑटो बुकिंग के लिए एक नया डिजिटल विकल्प मिल सकेगा।
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