बगहा: पश्चिम चंपारण के बगहा से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है, जिसने इलाके की बदहाल व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बेटे की पढ़ाई न छूटे, इसके लिए एक पिता ने अपनी जान की परवाह किए बिना उफनती नदी की तेज धार को पार कर लिया। पिता अपने बच्चे को कंधे पर बैठाकर नदी पार कर स्कूल पहुंचाता नजर आया। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
नेपाल के तराई क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश के कारण पश्चिम चंपारण की गंडक, मसान समेत कई पहाड़ी नदियों का जलस्तर बढ़ गया है। इसका सबसे ज्यादा असर रामनगर प्रखंड के सुदूरवर्ती दोन क्षेत्र में देखने को मिल रहा है।
वायरल वीडियो दोन क्षेत्र का बताया जा रहा है, जहां बरसात के दिनों में ग्रामीणों की मुश्किलें कई गुना बढ़ जाती हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, हर साल बारिश के मौसम में यहां दर्जनों गांवों का संपर्क मुख्य इलाके से कट जाता है। ग्रामीणों को सड़क, पुल और अन्य बुनियादी सुविधाओं के अभाव में जान जोखिम में डालकर नदी पार करनी पड़ती है।
वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि एक पिता अपने छोटे बच्चे को कंधे पर बैठाकर नदी की तेज धारा के बीच से गुजर रहा है। आसपास मौजूद लोग भी उसकी मदद करते नजर आ रहे हैं। यह दृश्य इलाके की जमीनी हकीकत को बयां कर रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि दोन क्षेत्र में बरसात के दौरान हालात किसी टापू जैसे हो जाते हैं। हरनाटांड़ और रामनगर मुख्यालय से संपर्क टूटने के कारण बच्चों की पढ़ाई, मरीजों के इलाज और रोजमर्रा के कामों में भारी परेशानी होती है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र में स्थायी पुल, सड़क और अन्य मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था की जाए, ताकि हर साल लोगों को ऐसी जान जोखिम में डालने वाली मजबूरी का सामना न करना पड़े।
यह तस्वीर सिर्फ एक पिता की मजबूरी नहीं, बल्कि वर्षों से चली आ रही व्यवस्था की कमी की कहानी भी बयां कर रही है।