शेखपुरा: नशे के खिलाफ जागरूकता की अलख जगाने के लिए रविवार की सुबह शेखपुरा में जीविका दीदियां और ब्रह्माकुमारी बहनें एक साथ सड़कों पर उतरीं। हाथों में नशा मुक्ति के संदेश लिखे स्लोगन और जुबां पर व्यसन मुक्त समाज का संकल्प लेकर महिलाओं ने प्रभात फेरी और जागरूकता रैली निकाली। गांव-मोहल्लों में भ्रमण कर लोगों से नशे से दूर रहने और अपने परिवार को भी इस बुराई से बचाने की अपील की गई।
‘नशा मुक्त बिहार’ अभियान के तहत 1 नवंबर 2026 को शेखपुरा प्रखंड के ज्ञान दर्शन संकुल संघ एवं सर्वोत्तम संकुल संघ में जीविका और प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय, शेखपुरा के संयुक्त तत्वावधान में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में प्रभात फेरी, नशा मुक्ति रैली, परिचर्चा और शपथ ग्रहण जैसी गतिविधियों के माध्यम से लोगों को जागरूक किया गया।

हाथों में संदेश लेकर गांव-मोहल्लों में पहुंचीं महिलाएं
कार्यक्रम की शुरुआत जीविका दीदियों और ब्रह्माकुमारी संस्थान की बहनों ने संयुक्त रूप से प्रभात फेरी निकालकर की। महिलाओं ने हाथों में नशा मुक्ति से जुड़े स्लोगन लेकर गांव और मोहल्लों का भ्रमण किया। इस दौरान आम लोगों को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराया गया और समाज को व्यसन मुक्त बनाने के लिए आगे आने की अपील की गई।
अभियान के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि नशे की समस्या केवल किसी एक व्यक्ति तक सीमित नहीं रहती, बल्कि इसका असर पूरे परिवार और सामाजिक वातावरण पर पड़ता है। इसलिए नशा मुक्ति के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी है।

परिचर्चा में बताए गए नशे के दुष्परिणाम
प्रभात फेरी के बाद आयोजित परिचर्चा में ब्रह्माकुमारी बहनों और जीविका कर्मियों ने नशे के कारण परिवार, स्वास्थ्य और समाज पर पड़ने वाले गंभीर दुष्प्रभावों पर चर्चा की। वक्ताओं ने कहा कि नशे की आदत व्यक्ति के साथ-साथ उसके परिवार की खुशहाली और सामाजिक जीवन को भी प्रभावित करती है।
वक्ताओं ने जीविका दीदियों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि महिलाओं की सक्रिय भागीदारी से समाज में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है। घर-परिवार और समुदाय के स्तर पर जागरूकता फैलाकर नशा मुक्ति के अभियान को मजबूत किया जा सकता है।

खुद भी नशे से दूर रहने और दूसरों को जागरूक करने की ली शपथ
कार्यक्रम के अंतिम चरण में उपस्थित सभी लोगों को सामूहिक रूप से शपथ दिलाई गई। इसमें स्वयं, अपने परिवार और समाज को हर प्रकार के व्यसन से दूर रखने तथा सरकारी दिशा-निर्देशों का पालन करने का संकल्प लिया गया।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में जीविका दीदियां, ग्राम संगठन और संकुल स्तरीय कैडर, जीविका के जिला एवं प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी तथा संबंधित कर्मी मौजूद रहे। कार्यक्रम के जरिए आयोजकों ने संदेश दिया कि नशामुक्त समाज का निर्माण केवल जागरूकता रैली तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि इसे हर घर और हर परिवार के संकल्प में बदलना होगा।
ये खबर भी पढ़े: शेखपुरा में भाजपा की ‘राष्ट्र चिंतन यात्रा’, विपक्ष पर बरसे अचल कुमार सिंह; बोले- देश में अशांति फैलाने की हो रही साजिश!