कैमूर: जिले में पुलिस महकमे के भीतर अनुशासनहीनता, लापरवाही और कथित भ्रष्टाचार के खिलाफ पुलिस कप्तान शिखर चौधरी ने पिछले एक महीने में बड़ी कार्रवाई की है। अलग-अलग मामलों में दो थानाध्यक्षों समेत करीब 25 पुलिसकर्मियों और होमगार्ड जवानों पर निलंबन, गिरफ्तारी और विभागीय कार्रवाई की गई है। एसपी की लगातार कार्रवाई से पुलिस महकमे में हड़कंप मचा हुआ है।
फर्जी हाजिरी लगाकर वेतन निकासी की कोशिश
मोहनिया एसडीपीओ कार्यालय से जुड़े मामले में एक महिला होमगार्ड जवान पर फर्जी हाजिरी बनाने का आरोप सामने आया। जांच में पाया गया कि जिले से विरमित हो चुकी एक महिला कर्मी की अनुपस्थिति वाली हाजिरी में कथित तौर पर व्हाइटनर लगाकर उसे उपस्थित दिखाने की कोशिश की गई थी। इसके जरिए वेतन निकासी का प्रयास किए जाने का मामला सामने आया।
जांच के बाद पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी महिला होमगार्ड को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
अवैध बालू निकासी के मामले में थानाध्यक्ष पर कार्रवाई
जप्त वाहनों से अवैध बालू निकासी के मामले में पुलिस की भूमिका पर सवाल उठने के बाद कुदरा थानाध्यक्ष के खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू की गई है। एसपी के मुताबिक मामले में पुलिसकर्मियों की संलिप्तता की जांच की जा रही है और दोष सामने आने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
चांद थानाध्यक्ष पर भी जांच
इसी तरह चांद थानाध्यक्ष के खिलाफ भी गंभीर शिकायतों के बाद विभागीय जांच शुरू की गई है। थानाध्यक्ष पर कथित तौर पर दलालों से साठगांठ करने और आम लोगों को परेशान करने के आरोप लगे हैं। एसपी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच का निर्देश दिया है।
मोहनिया चेकपोस्ट पर अवैध वसूली का मामला
पुलिस कार्रवाई का सबसे बड़ा मामला मोहनिया चेकपोस्ट से सामने आया, जहां अवैध वसूली के आरोप में 10 से अधिक सैप जवानों और होमगार्ड कर्मियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस के स्तर पर मामले की जांच और आगे की कार्रवाई जारी है।
वर्दी में रील्स बनाने वालों पर भी गिरी गाज
एसपी ने पुलिसकर्मियों के सोशल मीडिया इस्तेमाल को लेकर भी सख्त रुख अपनाया है। ड्यूटी के दौरान वर्दी में सोशल मीडिया पर रील्स बनाने और पुलिस विभाग की अनुशासनात्मक मर्यादा का उल्लंघन करने वाले 2 से 3 पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया है।
एसपी का स्पष्ट संदेश है कि पुलिसकर्मी ड्यूटी के दौरान अनुशासन और आचरण के निर्धारित नियमों का पालन करें। वर्दी की गरिमा के खिलाफ किसी भी तरह की गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
थानों में दलालों के प्रवेश पर रोक
पुलिस कप्तान शिखर चौधरी ने सभी थानाध्यक्षों और पुलिसकर्मियों को कड़ा संदेश देते हुए कहा कि थानों में दलालों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। आम जनता के साथ संवेदनशील और सहयोगात्मक व्यवहार करने का निर्देश दिया गया है।
एसपी ने साफ कहा कि पद का दुरुपयोग करने, जनता को परेशान करने या किसी भी तरह की अनियमितता में शामिल पाए जाने वाले पुलिस अधिकारी या कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा।
एसपी का सख्त संदेश
एसपी शिखर चौधरी के मुताबिक पुलिस विभाग में अनुशासन सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि पुलिस की जिम्मेदारी आम लोगों को सुरक्षा देना और उनकी समस्याओं का निष्पक्ष तरीके से समाधान करना है। ड्यूटी में लापरवाही, भ्रष्टाचार या अनुशासनहीनता सामने आने पर संबंधित पुलिसकर्मी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पिछले एक महीने में हुई इन लगातार कार्रवाइयों ने कैमूर पुलिस महकमे में साफ संदेश दे दिया है कि ड्यूटी में लापरवाही और पद के दुरुपयोग पर अब सीधे कार्रवाई होगी।