बेगूसराय: बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM सम्राट चौधरी के सामने उस वक्त बड़ा सवाल खड़ा हो गया, जब एक बाढ़ पीड़ित अपनी फरियाद लेकर सीधे मुख्यमंत्री के काफिले तक पहुंच गया। पीड़ित मुख्यमंत्री से अपनी बात रखने की कोशिश करता रहा, लेकिन सुरक्षा कर्मियों ने उसे वहां से हटा दिया।
काफिला आगे बढ़ा, पीड़ित पीछे छूट गया!
पीड़ित यहीं नहीं रुका। वह मुख्यमंत्री की गाड़ी के गेट तक पहुंचकर अपनी बात रखने की कोशिश करता दिखा। सुरक्षा कर्मियों ने उसे दोबारा रोक दिया। बाढ़ के बीच मुख्यमंत्री तक अपनी आवाज पहुंचाने की यह कोशिश दौरे की सबसे चर्चित तस्वीर बन गई।
एक तरफ ‘परमानेंट इलाज’, दूसरी तरफ पीड़ित की फरियाद
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बेगूसराय में गंगा की बाढ़ का ‘परमानेंट इलाज’ करने की बात कही और रिंग बांध व एंबैंकमेंट को लेकर निर्देश दिए। लेकिन इसी दौरे में CM तक पहुंचने के लिए जूझते बाढ़ पीड़ित की तस्वीर ने सरकारी दावों के बीच बड़ा सवाल खड़ा कर दिया—जब बाढ़ में डूबे लोगों की आवाज CM तक पहुंचाने के लिए भी सुरक्षा घेरा पार करना पड़े, तो उनकी फरियाद आखिर सुनेगा कौन?
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