सीतामढ़ी: जिस हाथ में शादी की मेहंदी का रंग भी फीका नहीं पड़ा था, उसी जिंदगी का अंत हो गया… सीतामढ़ी में एक नवविवाहिता की संदिग्ध मौत ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। शादी के महज डेढ़ महीने बाद मनीषा कुमारी की मौत को लेकर मायके वालों ने ससुराल पक्ष पर दहेज हत्या का सनसनीखेज आरोप लगाया है।
मृतका के परिवार का दावा है कि बेटी की जिंदगी की कीमत एक कट्ठा जमीन से लगाई जा रही थी। आरोप है कि मुजफ्फरपुर में जमीन की मांग पूरी नहीं होने पर मनीषा को लगातार प्रताड़ित किया गया और आखिरकार उसकी जान चली गई।
शादी के बाद शुरू हुआ ‘जमीन’ का दबाव?
मनीषा कुमारी की शादी 6 मई 2026 को बाजपट्टी थाना क्षेत्र के पटदौरा गांव निवासी मिथिलेश कुमार से हुई थी। परिवार के मुताबिक, शादी के कुछ ही दिनों बाद ससुराल पक्ष की ओर से दहेज की मांग शुरू हो गई।
मृतका के पिता कमोद प्रसाद का आरोप है कि उनकी बेटी से मुजफ्फरपुर में एक कट्ठा जमीन की मांग की जा रही थी। मांग पूरी नहीं होने पर उसे मानसिक और शारीरिक रूप से परेशान किया जाता था।
जहर देकर हत्या का आरोप, शव जलाने की थी तैयारी?
परिजनों ने आरोप लगाया है कि शनिवार को मनीषा को भीसा स्थित आवास ले जाया गया, जहां कथित रूप से उसे जहर देकर मार दिया गया।
मृतका के परिवार का यह भी आरोप है कि घटना के बाद जल्दबाजी में शव का अंतिम संस्कार करने की तैयारी की जा रही थी, ताकि मामले को दबाया जा सके। लेकिन सूचना मिलते ही मायके वाले मौके पर पहुंच गए और शव को कब्जे में लेकर पुलिस को जानकारी दी।
परिजनों ने मृतका के गले पर चोट के निशान होने का भी दावा किया है।
पति समेत तीन गिरफ्तार, अब खुलेगा मौत का राज
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मृतका के पति मिथिलेश कुमार, सास और ससुर को गिरफ्तार कर लिया है।
हालांकि पुलिस अभी हर आरोप की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, वैज्ञानिक जांच और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बड़ा सवाल: शादी के सपने क्यों बदल रहे हैं मौत में?
मनीषा की मौत ने एक बार फिर दहेज प्रथा और नवविवाहित महिलाओं की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर शादी के कुछ ही दिनों बाद एक बेटी की जिंदगी क्यों खत्म हो गई? क्या इसके पीछे सच में दहेज की मांग थी या कोई और वजह?
अब इन सवालों के जवाब पुलिस जांच से सामने आएंगे।
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