लखीसराय में जिला पदाधिकारी मिथिलेश मिश्र की अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित मंत्रणा कक्ष में जिले के सभी पंजीकृत निजी विद्यालयों के प्रधानाचार्य, निदेशक और संचालकों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य शिक्षा का अधिकार (RTE) अधिनियम के तहत 25 प्रतिशत वंचित एवं कमजोर वर्ग के बच्चों के नामांकन की प्रगति की समीक्षा करना था।
बैठक के दौरान जिला पदाधिकारी ने सभी विद्यालय प्रबंधन को सख्त निर्देश दिया कि आरटीई के तहत आवंटित सीटों पर नामांकन प्रक्रिया को प्राथमिकता के आधार पर जल्द से जल्द पूरा किया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि 10 अप्रैल 2026 तक हर हाल में चयनित बच्चों का नामांकन सुनिश्चित किया जाए और इसके लिए अभिभावकों से सक्रिय संपर्क स्थापित किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

डीएम ने यह भी कहा कि यदि किसी विद्यालय को नामांकन प्रक्रिया में कोई समस्या आती है, तो वे जिला शिक्षा कार्यालय से संपर्क कर समाधान प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने आरटीई अधिनियम को सामाजिक समरसता और समान अवसर का महत्वपूर्ण माध्यम बताते हुए सभी स्कूलों से इसकी भावना के अनुरूप कार्य करने की अपील की।
बैठक में बढ़ती गर्मी को देखते हुए बच्चों की सुरक्षा और स्वास्थ्य पर भी विशेष जोर दिया गया। जिला पदाधिकारी ने विद्यालय प्रबंधन को निर्देश दिया कि लू से बचाव के लिए पर्याप्त पेयजल की व्यवस्था, कक्षाओं में उचित वेंटिलेशन और अत्यधिक गर्मी के दौरान जरूरी सावधानियां सुनिश्चित की जाएं।
इसके अलावा, विद्यालयों के सुचारू संचालन, स्वच्छता, अनुशासन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर भी विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया गया। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि बच्चों के हितों से जुड़े सभी मानकों का कड़ाई से पालन करना अनिवार्य है।
इस बैठक में जिला शिक्षा पदाधिकारी सहित संबंधित अधिकारीगण और जिले के सभी निजी विद्यालयों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
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