पटना/कटिहार: सावन की तीसरी सोमवारी पर बिहार से दर्दनाक खबर सामने आई है। पटना और कटिहार में अलग-अलग घटनाओं में डूबने से 7 बच्चों की मौत हो गई। पटना के बख्तियारपुर में गंगा स्नान के दौरान 7 बच्चियां डूब गईं, जिनमें 3 के शव बरामद कर लिए गए हैं, जबकि एक बच्ची की तलाश जारी है। वहीं कटिहार के फलका थाना क्षेत्र में कमला नदी में डूबने से 3 बच्चों की मौत हो गई।
गंगा स्नान के दौरान हुआ हादसा
पटना जिले के बाढ़ अनुमंडल अंतर्गत बख्तियारपुर थाना क्षेत्र के रानीसराय गांव की सात बच्चियां सोमवार सुबह करीब 5 बजे सावन सोमवारी पर गंगा स्नान के लिए नदी किनारे पहुंची थीं। स्नान के दौरान एक बच्ची गहरे पानी में चली गई और डूबने लगी। उसे बचाने के प्रयास में अन्य बच्चियां भी गहरे पानी की ओर बढ़ गईं और सभी डूबने लगीं।
घटना देख आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल बचाव कार्य शुरू किया। एक ग्रामीण ने बांस फेंककर बच्चियों को बचाने की कोशिश की। बांस पकड़कर तीन बच्चियां बाहर निकल आईं, जबकि चार बच्चियां नदी में बह गईं।
तीन शव मिले, एक की तलाश जारी
घटना के बाद SDRF की टीम, गोताखोर और स्थानीय प्रशासन मौके पर पहुंचा। देर शाम तक तीन बच्चियों के शव बरामद कर लिए गए, जबकि एक बच्ची की तलाश जारी है।
मृतकों में नंदनी कुमारी, राधिका कुमारी और एक अन्य बच्ची शामिल बताई जा रही है। जबकि आरती कुमारी समेत एक बच्ची अब भी लापता है। मृत बच्चियों की उम्र 14 से 17 वर्ष के बीच बताई जा रही है।
परिजनों के अनुसार, सभी बच्चियां एक ही परिवार की थीं और आपस में बहनें या रिश्तेदार थीं। हादसे के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है।
बालू खनन पर उठे सवाल
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि गंगा में अवैध बालू खनन के कारण गहरे गड्ढे बन गए हैं। इन्हीं गड्ढों में फंसने से बच्चियां डूब गईं। ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले की जांच की मांग की है।
पीड़ित परिवारों को मिलेगा मुआवजा
बाढ़ के प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) उज्ज्वलकांत ने बताया कि प्रभावित परिवारों को तत्काल सहायता राशि उपलब्ध कराई जा रही है। साथ ही सरकारी प्रावधान के तहत मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये मुआवजा दिया जाएगा।
कटिहार में कमला नदी बनी काल
उधर कटिहार जिले के फलका थाना क्षेत्र में कमला नदी में डूबने से तीन बच्चों की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि सात बच्चे नदी में नहाने और डुबकी लगाने गए थे। इसी दौरान तीन बच्चे गहरे पानी में चले गए और डूब गए, जबकि चार अन्य बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
मृत बच्चों की पहचान सत्यम कुमार (13 वर्ष), दिव्यांशु कुमार (11 वर्ष) और अमन कुमार (9 वर्ष) के रूप में हुई है।
अस्पताल की चिकित्सक डॉ. पूजा कुमारी ने बताया कि बच्चों को अस्पताल लाया गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। प्रारंभिक जांच में डूबने को ही मौत का कारण माना गया है।
मातम में डूबे परिवार
दोनों घटनाओं के बाद पटना और कटिहार में शोक का माहौल है। सावन की पावन सोमवारी पर हुए इन हादसों ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं। प्रशासन ने लोगों से नदी और जलाशयों में स्नान के दौरान विशेष सावधानी बरतने की अपील की है।
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