शेखपुरा: केनरा बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी), शेखपुरा में शुक्रवार को 12 दिवसीय मुर्गीपालन प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि बैंक ऑफ बड़ौदा के अधिकारी कुणाल कुमार ने सभी 33 प्रशिक्षणार्थियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए।
समारोह के दौरान आरसेटी के निदेशक राजीव रंजन ने प्रशिक्षुओं को संबोधित करते हुए उन्हें स्वरोजगार के रूप में मुर्गीपालन अपना के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि मुर्गीपालन कम लागत में शुरू किया जाने वाला बेहतर व्यवसाय है, जिससे ग्रामीण क्षेत्र के लोग आत्मनिर्भर बन सकते हैं।
बैंकिंग सुविधाओं की दी गई जानकारी
निदेशक ने प्रशिक्षुओं को बैंकों की ओर से मिलने वाले सहयोग, ऋण सुविधा और बैंकिंग सेवाओं के लाभों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण के बाद इच्छुक लोग अपना व्यवसाय शुरू कर आर्थिक रूप से मजबूत बन सकते हैं।
प्रशिक्षुओं ने सीखी मुर्गीपालन की बारीकियां
12 दिनों तक चले इस प्रशिक्षण में प्रतिभागियों को मुर्गीपालन से जुड़ी तकनीकी जानकारी, देखभाल, प्रबंधन और व्यवसाय संचालन की बारीकियां सिखाई गईं। प्रशिक्षण के दौरान सभी प्रशिक्षुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और स्वरोजगार की दिशा में आगे बढ़ने की इच्छा जताई।
वरीय संकाय सदस्य रघुवीर कुमार ने वर्कशॉप के माध्यम से समय प्रबंधन, समस्या पहचान और समाधान के तरीके बताते हुए उद्यम विस्तार के गुर सिखाए।
जल्द फार्म स्थापित करने का लिया संकल्प
समारोह के अंत में सभी लाभार्थियों ने जल्द से जल्द अपना मुर्गी फार्म स्थापित कर स्वरोजगार शुरू करने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम के दौरान संकाय सदस्य अभिनव प्रसून, कार्यालय सहायक रवि शंकर कुमार और साक्षी प्रिया सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
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