लखीसराय: ग्रामीण कार्य विभाग के मंत्री सह लखीसराय के प्रभारी मंत्री सुनील कुमार की अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित एनआईसी सभा कक्ष में “सहयोग शिविर” की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले भर में चल रहे शिविरों के संचालन, प्रगति और उनके प्रभाव का विस्तृत मूल्यांकन किया गया।
बैठक की शुरुआत में जिला पदाधिकारी शैलेन्द्र कुमार ने सहयोग शिविरों की तैयारियों और कार्यप्रणाली की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पंचायत स्तर पर कर्मियों की तैनाती की गई थी, जिनकी उपस्थिति की रोजाना निगरानी की जाती थी। साथ ही, वरीय अधिकारियों द्वारा नियमित निरीक्षण कर शिविरों की गुणवत्ता सुनिश्चित की जा रही थी। प्रतिदिन शाम 6 से 7 बजे के बीच समीक्षा बैठक कर प्रगति पर नजर रखी जाती थी।
डीएम ने बताया कि शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए एक कंट्रोल रूम भी स्थापित किया गया था, जिसके माध्यम से आवेदनों की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही थी।
समीक्षा के दौरान मंत्री सुनील कुमार ने सख्त निर्देश देते हुए कहा कि पंचायत सरकार भवन में सभी कर्मियों की सूची सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित की जाए, ताकि आम लोगों को जानकारी मिल सके। साथ ही, सभी योजनाओं की जानकारी पोर्टल पर नियमित रूप से अपडेट करने का निर्देश दिया गया।
मंत्री ने बताया कि शिविरों में सबसे अधिक आवेदन राजस्व और आवास योजनाओं से जुड़े प्राप्त हुए हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी आवेदन को बिना समुचित जांच के खारिज नहीं किया जाएगा।
इसके अलावा, नल-जल योजना में सुधार के लिए लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग को निर्देश दिए गए, वहीं सड़कों की स्थिति सुधारने के लिए नियमित मॉनिटरिंग और मरम्मत कार्य में तेजी लाने को कहा गया।
मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे जिला, प्रखंड और पंचायत स्तर पर लोगों की समस्याओं को गंभीरता से सुनें और उनका समाधान सुनिश्चित करें। साथ ही, शिविरों के प्रभाव का मूल्यांकन कर आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाने पर भी जोर दिया गया।
बैठक में विधायक सूर्यगढ़ा रामानंद मंडल, पुलिस अधीक्षक प्रेरणा कुमार, अपर समाहर्ता नीरज कुमार, जिला बंदोबस्त पदाधिकारी मो. मुस्तकीम, जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी शंभूनाथ, उप विकास आयुक्त सुमित कुमार सहित कई अधिकारी मौजूद रहे।
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