पटना: पाटलिपुत्र खेल परिसर इन दिनों तीर-कमान की टंकार से गूंज रहा है। बिहार की नई खेल प्रतिभाओं को मंच देने के उद्देश्य से आयोजित चौथी राजा कर्ण बिहार स्टेट तीरंदाजी चैम्पियनशिप ‘लक्ष्य-2026’ का रविवार को भव्य आगाज हुआ। 27 से 29 सितंबर तक चलने वाली इस राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में बिहार के अलग-अलग जिलों से पहुंचे 330 तीरंदाज अपने निशाने का हुनर दिखा रहे हैं। खास बात यह है कि इनमें 150 बालिकाएं भी शामिल हैं।
प्रतियोगिता के पहले दिन ही मुकाबलों में गया के खिलाड़ियों का खासा दबदबा देखने को मिला। अंडर-10 इंडियन राउंड के बालक वर्ग में गया के पार्थ ने पहला स्थान हासिल किया, जबकि अंश शर्मा दूसरे स्थान पर रहे। बालिका वर्ग में भी गया की आकृति पांडे ने शीर्ष स्थान हासिल किया और प्रिया शर्मा ने तीसरा स्थान प्राप्त किया।
रिकर्व राउंड के बालक वर्ग में MATC गया के शिवांशु नारायण सिंह ने बाजी मारी, जबकि इसी संस्थान के मानस कुमार दूसरे स्थान पर रहे। बालिका वर्ग में गया की दिया कुमारी ने प्रथम स्थान हासिल किया। वहीं परदर्शी भास्कर और शिवांशिका यसाय ने भी शीर्ष तीन में जगह बनाई।
कंपाउंड राउंड में पटना के खिलाड़ियों ने भी अपनी मौजूदगी दर्ज कराई। बालक वर्ग में अद्विक अर्नव प्रथम रहे, जबकि गया के युग कुमार दूसरे स्थान पर रहे। बालिका वर्ग में गया की सफा सिद्दीकी ने पहला स्थान हासिल किया।

तीर-कमान से तैयार हो रही नई खेल पौध
इस प्रतियोगिता की खासियत सिर्फ पदक की होड़ नहीं, बल्कि राज्य के अलग-अलग हिस्सों से सामने आ रही युवा प्रतिभाएं हैं। अंडर-10 जैसे शुरुआती आयु वर्ग से लेकर सब-जूनियर और जूनियर स्तर तक खिलाड़ी अपनी प्रतिभा को बड़े मंच पर परख रहे हैं। बालिकाओं की बड़ी भागीदारी भी प्रतियोगिता को खास बना रही है।
बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक सह मुख्य कार्यकारी अधिकारी रवीन्द्रण शंकरण के अनुसार, प्रतियोगिता का उद्देश्य राज्य की नई तीरंदाजी प्रतिभाओं को पहचानना और उन्हें आगे बढ़ने का अवसर देना है।
28 सितंबर को और तेज होगा मुकाबला
प्रतियोगिता के दूसरे दिन अंडर-13, अंडर-15, सब-जूनियर और जूनियर वर्ग में इंडियन, रिकर्व और कंपाउंड राउंड के मुकाबले होंगे। यानी ‘लक्ष्य-2026’ के दूसरे दिन मैदान में निशाना और भी बड़ा होगा और राज्य के उभरते तीरंदाजों के बीच प्रतिस्पर्धा और कड़ी होने की उम्मीद है।
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