मुजफ्फरपुर: बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर मुजफ्फरपुर पुलिस ने नई पहल शुरू की है। जिले के सभी थानों में अब ‘वरिष्ठ नागरिक कोषांग’ बनाया जाएगा। इसके तहत थाना क्षेत्र में रहने वाले बुजुर्गों का नाम, पता और मोबाइल नंबर दर्ज कर डेटाबेस तैयार किया जाएगा। पुलिसकर्मी सप्ताह में कम से कम एक बार बुजुर्गों से फोन पर संपर्क कर उनकी कुशलक्षेम पूछेंगे और आसपास की गतिविधियों की जानकारी भी लेंगे।
इस अभियान की कमान एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने संभाली है। सोमवार को एसएसपी खुद पुलिस अधिकारियों के साथ मिठनपुरा स्थित जुब्बा सहनी पार्क पहुंचे। वहां सुबह की सैर के लिए पहुंचे बुजुर्गों, महिलाओं और अन्य नागरिकों से सीधा संवाद किया। लोगों ने सुरक्षा, ट्रैफिक और असामाजिक तत्वों से जुड़ी समस्याएं एसएसपी के सामने रखीं। एसएसपी ने समस्याओं को सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
थाने में दर्ज होगा बुजुर्गों का मोबाइल नंबर
नई व्यवस्था के तहत पुलिस थाना क्षेत्र में रहने वाले वरिष्ठ नागरिकों की जानकारी जुटाएगी। खासकर अकेले रहने वाले बुजुर्गों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। पुलिसकर्मी नियमित रूप से फोन कर उनका हालचाल जानेंगे। जरूरत पड़ने पर पुलिस अधिकारी घर जाकर भी स्थिति की जानकारी ले सकेंगे। सुरक्षा या चिकित्सकीय आपात स्थिति में पुलिस सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था पर भी जोर दिया गया है।
पार्क में एसएसपी से खुलकर बोले बुजुर्ग
जुब्बा सहनी पार्क में जनसंवाद के दौरान बुजुर्गों और महिलाओं ने अपनी समस्याएं पुलिस कप्तान के सामने रखीं। लोगों ने क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था, यातायात और सार्वजनिक स्थानों पर असामाजिक गतिविधियों से जुड़ी चिंताओं की जानकारी दी। एसएसपी ने लोगों को पुलिस से सीधे संवाद बनाए रखने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना देने की अपील की।
50 हजार के इनामी आरोपी के पोस्टर बांटे
इसी दौरान पुलिस ने अपराध नियंत्रण को लेकर भी जागरूकता अभियान चलाया। मिठनपुरा थाना क्षेत्र के चर्चित दोहरे हत्याकांड में फरार चल रहे 50 हजार रुपये के इनामी आरोपी के पोस्टर पार्क में मौजूद लोगों के बीच बांटे गए। पुलिस ने लोगों से आरोपी की गिरफ्तारी में सहयोग करने की अपील की।
पुलिस के अनुसार, आरोपी से संबंधित सूचना जिला पुलिस नियंत्रण कक्ष के मोबाइल नंबर 9431896700 पर दी जा सकती है। सटीक सूचना के आधार पर आरोपी की गिरफ्तारी में मदद करने वाले व्यक्ति को घोषित 50 हजार रुपये का इनाम दिया जाएगा और सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखने की बात कही गई है।
मुजफ्फरपुर पुलिस की इस पहल को वरिष्ठ नागरिकों और पुलिस के बीच सीधा संवाद बढ़ाने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि नियमित संपर्क के जरिए बुजुर्गों की सुरक्षा संबंधी समस्याओं की जानकारी समय रहते पुलिस तक पहुंच सकेगी।
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