लखीसराय: नाथ पब्लिक स्कूल परिसर में शिक्षक दिवस समारोह शनिवार को हर्षोल्लास, उत्साह और गरिमापूर्ण वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम में गुरु-शिष्य संबंधों की आत्मीयता के साथ शिक्षा और संस्कार के महत्व का संदेश भी देखने को मिला। विद्यार्थियों ने अपनी मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से समारोह में चार चांद लगा दिए।
समारोह का शुभारंभ विद्यालय के निदेशक विश्वनाथ प्रसाद ने दीप प्रज्वलित कर किया। उन्होंने सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं विद्यार्थियों को शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं देते हुए अपने प्रेरणादायी संबोधन से कार्यक्रम को विशेष बना दिया।
‘शिक्षा के साथ संस्कार भी जरूरी’
निदेशक विश्वनाथ प्रसाद ने विद्यार्थियों को डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के आदर्शों को अपने जीवन में आत्मसात करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल पुस्तकीय ज्ञान हासिल करने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह व्यक्तित्व और भविष्य के निर्माण की आधारशिला है।
उन्होंने कहा कि शिक्षा के साथ संस्कार बच्चों के जीवन में बेहद जरूरी हैं। संस्कार ही चरित्र का निर्माण करते हैं और व्यक्ति को बेहतर इंसान बनने की दिशा देते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से अपने शिक्षकों का सम्मान करने, उनके आदर्शों से सीखने तथा जीवन में अनुशासन, विनम्रता और मानवता को स्थान देने की अपील की।
मेहनत और अनुशासन को सफलता की कुंजी बताया
समारोह में विद्यालय के नाथ अमिताभ विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि सफलता का रास्ता मेहनत, अनुशासन और सकारात्मक सोच से होकर गुजरता है। विद्यार्थियों को अपने सपनों को बड़ा रखने और असफलताओं से सीख लेकर आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि शिक्षकों का मार्गदर्शन विद्यार्थियों के जीवन की महत्वपूर्ण शक्ति बन सकता है।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां
कार्यक्रम का संचालन शिक्षक विद्यासागर सर ने प्रभावशाली एवं कुशल ढंग से किया। विद्यार्थियों ने विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर उपस्थित लोगों का मन मोह लिया। गीत, नृत्य और अन्य प्रस्तुतियों के माध्यम से विद्यार्थियों ने शिक्षकों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त की।
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिसर में उत्सव जैसा माहौल बना रहा। विद्यार्थियों के उत्साह और शिक्षकों के प्रति सम्मान ने समारोह को यादगार बना दिया।
इस अवसर पर प्राचार्या विनीता सिन्हा, रतनप्रिया, राजीव कुमार, दिलीप कुमार, बिंदु कुमारी, सोनी कुमारी, रूपा कुमारी, निधि कुमारी, छोटी कुमारी, प्रियंका कुमारी, अमरजीत कुमारी, मनीष कुमार सहित विद्यालय के सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
समारोह ने विद्यार्थियों को यह संदेश दिया कि शिक्षा ज्ञान देती है, जबकि संस्कार उस ज्ञान को सही दिशा देते हैं। गुरु के प्रति सम्मान और उनके मार्गदर्शन को जीवन में अपनाना ही शिक्षक दिवस की वास्तविक भावना है।
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