पटना में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद तेजस्वी यादव पहली बार पार्टी कार्यालय पहुंचे, जहां उनका भव्य स्वागत किया गया। पार्टी कार्यकर्ताओं, नेताओं और पदाधिकारियों की भारी मौजूदगी के बीच आयोजित कार्यक्रम में उत्साह का माहौल देखने को मिला। कार्यालय को फूलों और सजावटी लाइटों से सजाया गया था, जबकि बाहर ढोल-नगाड़ों के साथ कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया।
अपने संबोधन में तेजस्वी यादव ने कहा कि जनता ने चुनाव में जिस भरोसे के साथ आरजेडी का समर्थन किया, वह पार्टी के लिए बड़ी जिम्मेदारी है। उन्होंने कार्यकर्ताओं को संगठन की ताकत बताते हुए चेतावनी दी कि यदि किसी कार्यकर्ता का अपमान किया गया तो पार्टी चुप नहीं बैठेगी और मजबूती से जवाब दिया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान कई आरजेडी कार्यकर्ताओं पर फर्जी मुकदमे दर्ज किए गए और विपक्ष लोकतंत्र को कमजोर करने की कोशिश कर रहा है।
तेजस्वी यादव ने कहा कि लालू प्रसाद यादव की तरह वे भी संघर्ष से पीछे हटने वाले नहीं हैं। उन्होंने पार्टी को राज्य की सबसे मजबूत राजनीतिक ताकत बनाने का लक्ष्य दोहराया और कहा कि ईमानदारी से काम हुआ तो आरजेडी राष्ट्रीय स्तर की पार्टी बन सकती है। उन्होंने सभी वर्गों और समुदायों को साथ लेकर आगे बढ़ने की बात कही।
केंद्र और राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए तेजस्वी ने कहा कि देश में डर का माहौल बनाया जा रहा है और केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल विपक्ष को दबाने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि नीतीश कुमार जनता के नहीं बल्कि अधिकारियों के नेता हैं, जबकि असली जननेता लालू प्रसाद यादव हैं।
कार्यक्रम के दौरान पार्टी नेताओं ने बताया कि 17 फरवरी को पटना के बापू सभागार में आरजेडी का स्थापना दिवस मनाया जाएगा, जिसमें बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं की भागीदारी होगी। स्वागत समारोह को पार्टी के संगठनात्मक सशक्तिकरण की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।